कोट गांव के सरकारी स्कूल की नई पहचान: अवादा फाउंडेशन ने बच्चों का भविष्य संवारा

दादरी, गौतम बुद्ध नगर, 14 फरवरी 2026: ‘उत्कृष्ट शिक्षा अभियान’ के तहत अवादा फाउंडेशन ने दादरी के कोट गांव में सरकारी स्कूल का पूरा जीर्णोद्धार कर दिया है। बुनियादी सुविधाओं को मजबूत कर आधुनिक संसाधन जोड़ दिए गए हैं, ताकि बच्चे सुरक्षित और प्रेरणादायक माहौल में पढ़ सकें।


मुख्य बदलाव:

  • क्लासरूम का नया रूप: 6 क्लासरूमों का संपूर्ण पुनर्निर्माण हुआ, अब बच्चे रंगीन और उत्साहजनक जगह में पढ़ेंगे।
  • स्वच्छता और पेयजल: लड़के-लड़कियों के लिए अलग आधुनिक शौचालय बने, साथ ही शुद्ध पानी की व्यवस्था स्वास्थ्य के लिए।
  • सुरक्षा व सौंदर्य: नया मुख्य द्वार लगा, पूरा परिसर रंग-रोगन और सजाया गया ताकि पढ़ाई का मन लगे।



जीएलए विश्वविद्यालय के वाइस चांसलर प्रो. अनूप गुप्ता ने रंगारंग समारोह में उद्घाटन किया। इस अवसर पर बोलते हुए उन्होंने कहा, “मैंने मथुरा में अवादा फाउंडेशन के काम को करीब से देखा है और जिस सेवा भाव से वे बच्चों की शिक्षा के लिए काम कर रहे हैं, वह वाकई काबिले तारीफ है। बुनियादी सुविधाओं से लेकर आधुनिक पढ़ाई तक, उन्होंने सरकारी स्कूलों का रूप ही बदल दिया है। मुझे बहुत खुशी है कि अब दादरी के कोट गाँव के बच्चों को भी यह सौगात मिल रही है। जब कोई संस्था अपनी जड़ों और समाज के लिए इतनी ईमानदारी से काम करती है, तो उसका असर दूर तक जाता है और बच्चों का भविष्य चमक उठता है।"

अवादा फाउंडेशन की डायरेक्टर श्रीमती रितु पटवारी ने कहा, "अवादा फाउंडेशन में हमारा मानना है कि शिक्षा समाज को बदलने की शक्ति रखती है। हमने अब तक सैकड़ों स्कूलों का जीर्णोद्धार किया है और वर्तमान में 565 वर्चुअल क्लासेस सफलतापूर्वक चला रहे हैं। दादरी का यह विद्यालय,जो कभी जर्जर हालत में था, अब 'आधुनिक शिक्षा' का केंद्र बन चुका है।"

प्रधानाचार्य ने खुशी जताते हुए कहा, “भवन की स्थिति खराब होने के कारण हमारे स्कूल में छात्रों की संख्या 185 से घटकर मात्र 50 रह गई थी। बच्चे पढ़ाई छोड़ने को मजबूर थे, लेकिन अवादा फाउंडेशन द्वारा किए गए इस कायाकल्प के बाद अब छात्रों की संख्या में भारी बढ़ोतरी की उम्मीद है।"

विद्या भारती संस्कृति शिक्षा संस्थान के अध्यक्ष ललित बिहारी गोस्वामी और दिल्ली के आयकर आयुक्त धीरज जैन समेत गणमान्य लोग शामिल हुए। फाउंडेशन ने मध्य प्रदेश में आधुनिक तारामंडल बनाया, उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में 665 वर्चुअल क्लास चलाईं। स्कूल सुधार का काम पूरे देश में जारी है। फाउंडेशन प्रतिनिधि ने कहा, "हमारा उद्देश्य सरकारी स्कूलों के बच्चों को वे सभी सुविधाएं देना है जो किसी बड़े निजी स्कूल में मिलती हैं।"

अवादा फाउंडेशन के बारे में
अवादा ग्रुप की सामाजिक शाखा अवादा फाउंडेशन भारत में समान विकास के लिए समर्पित है। शिक्षा, रोजगार, पर्यावरण व स्वास्थ्य पर फोकस कर कमजोर वर्गों को मजबूत करती है। 3 लाख से ज्यादा छात्रों को बेहतर शिक्षा, 20 हज़ार महिलाओं को कौशल, 2 लाख लोगों को स्वास्थ्य सेवा, 1.14 लाख पौधे लगाए, और 1 लाख युवाओं को जागरूक किया। छोटे प्रयासों से बड़ा बदलाव लाने का विश्वास।

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